तमिल की मशहूर लोक कथाएं : hindi novel book : hindi books : hindi novels : hindi story book : hindi story books : hindi novels books : hindi novels mystery ... : hindi book : free books :
कल्लू पिछले दस वर्षों से महेशजी की दुकान में काम करता था। इन दस वर्षों में मालिक की माली हालत की खूब बढ़ोतरी हुई। उनकी प्रगति का प्रमाण उनकी तोंद दे रही थी। उनका खजाना, बढ़ते तल्ले तल्लों का मकान आदि सब उनकी समृद्धि का ढिंढोरा पीट रहा था। उनमें जो उदारता दस वर्ष के पहले थी, अब न थी। वह धीरे-धीरे लुप्त हो चुकी थी। कल्लू उनके पैरों पर पड़ा गिड़गिड़ाया। उसने न भीख माँगी न कोई क्षमा माँगी। उसने उनसे कहा-मेरा बेटा दो दिनों से भूखा है। वेतन पेशगी मात्र दे दें, वह भी सप्ताहांत में जो मजदूरी दी जाती थी, उसका थोड़ा सा अंश।: : तमिल की मशहूर लोक कथाएं : hindi novel book : hindi books : hindi novels : hindi story book : hindi story books : hindi novels books : hindi novels mystery : hindi novel : hindi book : free books : :