दुनिया में बहुत ऐसे लोग हैं जिन्हें ना तो रिश्तों की कद्र होती है और ना ही उन्हें रिश्तों का महत्व पता होता है। पैसा और पावर ऐसी चीजें है जो इंसान को शैतानों की कतार में ला कर खड़ा कर देता है।
“चोर” ऐसी ही एक कहानी है जिसमे आप रिश्तों की नाकद्री की पराकाष्ठा से रूबरू होंगे। बाप और बेटे के रिश्ते को बहुत मजबूत माना जाता है। एक बाप अपनी औलाद के लिए किसी भी हद तक जा सकता है और एक बेटा अपने बाप की आज्ञा का पालन करना अपना धर्म समझता है क्यों कि उसे यकीन होता है कि बाप अपने बेटे का भला ही चाहेगा।
जरा कल्पना कीजिये ऐसे बेटे की जो अपने बाप की गद्दी पर कब्ज़ा करने के लिए हर हद पार सकता है, यहाँ तक कि अपने जन्मदाता बाप को ब्लैकमेल भी कर सकता है।
इस उपन्यास में आप पढ़ेंगे कि कैसे मदन चोपड़ा नाम का बेटा