"वासना की चिंगारी" एक भावनात्मक और कामुक उपन्यास है, जो ग्रामीण भारत की पृष्ठभूमि में औरत की आत्म-खोज, निषिद्ध प्रलोभन, और मानवीय इच्छाओं की जटिलता को बुनता है। यह कहानी पाठकों को एक ऐसी दुनिया में ले जाती है जहाँ हर नजर एक रहस्य छिपाए रहती है।
खरीपुरा गाँव की एक प्राचीन हवेली की छाया में, ममता, एक समर्पित गृहिणी, अपनी दमित इच्छाओं के जाल में उलझती है। उसका जीवन, जो पति सुरेंद्र और बेटे अर्जुन के इर्द-गिर्द घूमता है, एक अनजान नजर के साथ शुरू हुए गुप्त खेल से बदल जाता है।
छत की नीम की छाया में एक जवान और बेकाबू युवक, ममता की हर हरकत पर नजर रखता है, जिससे उसके भीतर एक ऐसी आग भड़कती है जो सामाजिक बंधनों को तोड़ देती है। यह खेल वासना, डर, और सजा के बीच एक खतरनाक नृत्य बन जाता है, जो एक उन्मादी चर&#