शहर की चकाचौंध में पले-बढ़े तीन रईस दोस्त—सुरेंद्र, पंकज और प्रीतम—मस्ती की तलाश में रामपुर गाँव पहुँचते हैं। उन्हें लगता है कि पैसा और ताक़त उन्हें हर मुसीबत से बचा लेगी।
लेकिन गाँव के पश्चिमी छोर पर, घने जंगलों के बीच, एक जगह है जिसे लोग 'छोटी बगिया' कहते हैं। वहां एक सूखे बबूल के पेड़ पर लाल कपड़े में लिपटे सात मटके लटकते हैं।
गाँव वाले कहते हैं कि उन मटकों में पुरानी आत्माएं कैद हैं।
चेतावनी को नज़रअंदाज़ करते हुए, वे उन मटकों को फोड़ देते हैं।
और उसी पल... खेल बदल जाता है।
मटके फूटते ही एक ऐसा संक्रमण (Infection) फैलता है जो शरीर को नहीं, आत्मा को खा जाता है। हड्डियाँ टूटती हैं, &#