सच्चा प्यार आज़ाद करता है... लेकिन यह प्यार आपको हमेशा के लिए कैद कर लेगा।
लोनावला के घने जंगलों के बीच, एक आलीशान 'ग्लास हाउस' खड़ा है—पारदर्शी, सुंदर और दुनिया से कटा हुआ।
आनंद, एक सफल आर्किटेक्ट, अपनी पहली सालगिरह मनाने के लिए अपनी खूबसूरत पत्नी, सना, को वहां ले जाता है। उसे लगता है कि यह एक रोमांटिक सरप्राइज़ है।
लेकिन आनंद को यह नहीं पता कि सना को 'छोड़कर जाने' वालों से नफरत है। उसे प्यार में 'हमेशा' (Forever) चाहिए... और वो इसे पाने के लिए किसी भी हद तक जा सकती है।
जब रोमांस पागलपन में बदल जाता है, और वादे जंजीरें बन जाते हैं, तो इंसान एक पति नहीं... एक 'ज़िंदा गुड़िया' बनकर रह जाता है।