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Nagayan #1-9

संपूर्ण नागायण [Sampoorn Nagayan]

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वरण कांड # 2265, सन 2025 जब पूरी दुनिया में ब्लैक पावर का राज फैलता जा रहा था तब बाबा गोरखनाथ ने नागराज और ध्रुव को विशेष दिव्यास्त्रों का प्रशिक्षण दिलवा कर तैयार किया एक महासंग्राम के लिए जिसका आरंभ हुआ नागद्वीप पहुंच कर जोकि आज मूलक्षेत्र के नाम से जाना जाता है! इस महासंग्राम का पलड़ा उसी और झुकेगा जिस तरफ नाग शक्ति खड़ी होगी! और नाग शक्ति उसी के साथ खड़ी होगी जो जीतेगा विसर्पी का स्वयंवर!
ग्रहण कांड # 2270, सन 2025 जब पूरी दुनिया में ब्लैक पावर का राज फैलता जा रहा था तब गुरु गोरखनाथ ने नागराज और ध्रुव को प्रशिक्षण देकर मूलक्षेत्र में विसर्पी का स्वयंवर जीत कर नागराज और ध्रुव विसर्पी के साथ वापस लौटने के दौरान लगने वाला होता है एक महाग्रहण जिसके पश्चात अगर उन्होंने नगर में प्रवेश किया तो होगा महाअनर्थ! ब्लैक पावर्स का मकसद है उनको ग्रहण तक रोकना जबकि नागराज और ध्रुव को समय रहते विसर्पी के साथ पहुंचना है महानगर!
हरण कांड # 2280, नगीना के कुटिल षड्यंत्र में फंस कर नागराज और विसर्पी को मिलता है नगर-निकाला जिसके इंतजार में ब्लैक पावर्स ने घात लगा रखा है क्योंकि उनको करना है विसर्पी का अपहरण क्योंकि जिसके पास होगी विसर्पी उसके पास होगा संसार पर राज करने की कुंजी!
शरण कांड # 2290, विसर्पी का हरण कर ले गया क्रूरपाशा जिसकी तलाश में निकले नागराज और ध्रुव के सामने आ खड़े हुए यति जो नागों से घृणा करते हैं क्योंकि नागों ने ही ली थी यातिराज जिंगालू के प्राण! क्या नागराज यतियों और नागों के द्वेष को समाप्त कर पाएगा?
दहन कांड # 2310, एक तरफ क्रूरपाशा ने विषांक को अपने कब्जे में लेकर पूरी नाग जाति को अपने कब्जे में ले लिया है और नागराज के नाग साथी हो गए हैं उसके ही जान के दुश्मन! दुसरी तरफ रोबो ने मानव सेना की बागडोर संभाल ली है! क्या नागराज और ध्रुव इन विपरीत परिस्थितियों का मुंह मोड़ पाएंगे?
रण कांड # 2335, शुरू हो चुका है एक महायुद्ध जोकि अलंघ्या में लड़ा जाना है! परंतु वहां जाने का रास्ता किसी को नहीं पता! क्या नागराज और ध्रुव मिलकर ढूंढ पाएंगे मार्ग?
समर कांड # 2340, अलंघ्या की धरती पर ब्लैक पावर्स और पुण्य शक्तियों के बीच लड़ा जा रहा है महायुद्ध! चली जा रही है शतरंज की चालें!
इति कांड # 2355, पाप के अवतार क्रूरपाशा के नाश के लिए नागराज और ध्रुव लड़ रहे हैं अंतिम युद्ध जिसकी इति होगी या तो क्रूरपाशा के अंत साथ या महायुद्ध ले जाएगा सभी महानायकों की भी बलि!

736 pages, Hardcover

Published January 1, 2015

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About the author

Anupam Sinha

261 books101 followers
Creator of famous Raj Comic character Super Commando Dhruva

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Community Reviews

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12 (11%)
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4 (3%)
1 star
9 (8%)
Displaying 1 - 8 of 8 reviews
Profile Image for Vijayendra Mohanty.
Author 16 books109 followers
January 16, 2018
Raj Comics has never shied away from being innovative. But Nagayan is a singularly unique beast in Indian comics. There are layers in this sereis that will be apparent to those who grew up with Nagraj and Dhruv, but also to those who know the Ramayana.

The only reason I am giving this collected edition 4 stars and not 5 is that there were threads left unexplored. Jalaj for example. I would have liked to see where he goes and what he becomes.
32 reviews1 follower
March 13, 2022
Amazing, Thrilling as always it is for all Anupam Sinha jee creation!
95 reviews10 followers
April 11, 2016
The best version of Raj comics Ramayan! What a grt job Anupam Sinha nd other did! A landmark in Raj comics history!
1 review
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July 12, 2018
hy
This entire review has been hidden because of spoilers.
Displaying 1 - 8 of 8 reviews

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