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Bimariyan Harengi

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मनुष्य गुफा मानव से आधुनिक मानव में परिवर्तित हो गया है I सभ्यता और विकास की अदभुत यात्रा ने हमें अकल्पनीय बुलंदियों पर पहुँचाया है और इस प्रगति का सम्मान किया जाना चाहिए I लेकिन इस विकास यात्रा में मनुष्य ने अपने स्वास्थ्य को नष्ट किया है, और अब वह जन्म लेते ही बीमार हो जाता है I उसकी ज़िन्दगी के दिन कम हो गए हैं और मृत्यु का इंतज़ार बढ़ गया है I अनेक बीमारियों से घिरा आज का आदमी बीमारियों के मूल कारणों को अनदेखा करके निरंतर नई दवाओं की खोज में लगा हुआ है I

आइये हम फिर से अपने स्वास्थ्य को वैसा ही बना लें जैसा हमारे पूर्वजों का था I हमारी उन्नति की यात्रा का सम्पूर्ण आनंद बिना सेहत के अधूरा है I आइये हम बीमार होने की कभी न टूटने वाली श्रंखला को तोड़ें और बीमारियों को हरा दें I हम विजेता बनाने का प्रयास करें, क्योंकि ईश्वर ने हमें बीमारियों को हारने के सभी उपाय प्रदान किये हैं ... आवश्यकता है उनका प्रयोग करने की, जो यह पुस्तक आपको सिखाएगी I

266 pages, Paperback

Published October 10, 2017

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Abrar Multani

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