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दंगा: एक नेता की आत्मकथा

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दंगा एक नेता की आत्मकथा इस उपन्यास में वर्णित सभी पात्र और घटनाएँ काल्पनिक हैं और पूरी तरह लेखक के दिमाग की उपज है। इनका किसी भी जीवित अथवा मृत व्यक्ति से किसी प्रकार का कोई सम्बन्ध नहीं है। अगर ऐसा कुछ होता है, तो ये संयोग मात्र ही होगा और लेखक इसके लिए बिलकुल भी जिम्मेदार नहीं है। हालांकि ये कथानक काल्पनिक है, लेकिन कुछ सत्य घटनाओं से प्रेरित है। 00==00==00==00 पुस्तक परिचय लेखक की कलम से ........ “दंगा”, इस विषय पर पुस्तक लिखने का कभी ख़याल तक मेरे दिमाग में नहीं आया था। मैंने तो किसी और विषय पर लिखना शुरू किया था, पर उसी समय देश में कुछ ऐसी घटनाएँ घटी, जिन से मेरा लेखन भी अछूता नहीं रह सका। जैसे जैसे मैं लिखता गया, मेरी लेखनी इस ज्वलंत समस्या की दिशा में मुड़ती गई और इस पुस्तक की रचना हो गई। यकीन मानिये, ऐसे संव&

198 pages, Kindle Edition

Published May 19, 2020

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Ramesh Sharma

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