त्रेतायुग में उत्पन्न हुई एक रहस्यमयी अभेद्य शक्ति जो समय की परतों के बीच कहीं सुप्त पड़ी थी, जिसका कलयुग में सक्रिय होने का उद्देश्य था- मनुष्यजाति का समूल नाश व असुर जातियों का पुनरूत्थान। किन्तु अब युद्ध की पृष्ठभूमि बदल चुकी है। छद्म आवरण में अब तक सुप्त पड़ी सारी असुर प्रजातियां अब अपने अस्तित्व के बचाव के लिए खुल कर सामने आ रहीं हैं, अब कोई रहस्य रहस्य नहीं है। मनुष्य, दैत्य, दानव, राक्षस और देव भी इस अंतिम युद्ध में सम्मिलित हो चुके हैं। सम्पूर्ण पृथ्वी अब एक युद्धक्षेत्र है, उस अंतिम युद्ध की, जो अब निर्णय करेगा कि कौन सी प्रजाति इस पर राज करेगी।
बढ़कर मजा आ गया एकदम । रहस्य रोमांच डर धोखा , पौराणिक युग से लेकर आज के टाइम तक का इतना बेहतरीन मिश्रण किया है की एक पल में हम सुबाहु वाले युग में पहुंच जाते है तो अगले पल में बाली वाले युग में। पहली दोनो किताबो की तरह ही ये भाग भी भरपूर रोमांचक था। क्लाइमैक्स में सबको दिखा दिया तो अश्वत्थामा को भी दिखा देते कम से कम एक मुलाकात तो दिखानी थी। खैर हो सकता है लेखक कुछ छुपाकर रखना चाहते हो।
Very amazing story, nicely written. The story of past and present goes along very well. A very descriptive information about the characters and the flow of the story is very well followed. Recommended for all those who like to read hindi historical fictional books.