“अब तमन्ना नहीं रही मोहब्बत की,
तुम्हारे बिन अब दिल नहीं लगता ।।
रात की बात क्या करे हम ,
हमारा तो दिन में भी दिल नहीं लगता ।।”
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तुम्हारे बिन अब दिल नहीं लगता ।।
रात की बात क्या करे हम ,
हमारा तो दिन में भी दिल नहीं लगता ।।”
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“कुछ तो कमी है खुदा में भी "कुनाल",
इतने लोगो की दुआओ में बस मेरी एक रह गई ”
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इतने लोगो की दुआओ में बस मेरी एक रह गई ”
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“भूलने को सोचा उन्हें पर भूल कहा पा रहे है,
हवाओं में उनकी खुशबू फैली हुई है,
अब क्या सांस लेना छोड़ दे ।।”
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हवाओं में उनकी खुशबू फैली हुई है,
अब क्या सांस लेना छोड़ दे ।।”
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“मोहब्बत है तुमसे बना ले मुझे अपना”
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“कितनो को मोहब्बत है तुमसे हम किस को अपना रकीब बताए,
और तुम्हें खोने से डरते है हम तुम हो नहीं हमारे,
तुमसे कितनी मोहब्बत है तुम्हें कैसे बताए ।।”
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और तुम्हें खोने से डरते है हम तुम हो नहीं हमारे,
तुमसे कितनी मोहब्बत है तुम्हें कैसे बताए ।।”
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Rahul’s 2025 Year in Books
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