Jiya
https://open.substack.com/pub/jiyayadav?utm_source=share&utm_medium=android&r=qrvdr
https://www.goodreads.com/biryanibanshee
“If a man has to make a woman the center of his love, why should he integrate animality into this sacred human emotion?...Is love incompelete without it?...Is love the name of physical excersize ?”
―
―
“ज़माने के जिस दौर से हम गुज़र रहे हैं, अगर आप उससे वाकिफ़ नहीं हैं तो मेरे अफसाने पढ़िये और अगर आप इन अफसानों को बरदाश्त नहीं कर सकते तो इसका मतलब है कि ज़माना नाक़ाबिले-बरदाश्त है। मेरी तहरीर(लेखन) में कोई नुक़्स नहीं । जिस नुक़्स को मेरे नाम से मनसूब किया जाता है, वह दरअसल मौजूदा निज़ाम का एक नुक़्स है। मैं हंगामा-पसन्द नहीं हूं और लोगों के ख्यालात में हैज़ान पैदा करना नहीं चाहता। मैं तहज़ीब, तमद्दुन, और सोसाइटी की चोली क्या उतारुंगा, जो है ही नंगी। मैं उसे कपड़े पहनाने की कोशिश भी नहीं करता, क्योंकि यह मेरा काम नहीं, दर्ज़ियों का काम है ।”
―
―
“... इधर-उधर से कई अफ़सर दौड़े आए और उन्होंने देखा कि वह आदमी जो 15 बरस तक दिन-रात अपनी दाँगों पर खड़ा रहा था, औंधे मुँह लेटा है-उधर ख़ारदार तारों के पीछे हिंदुस्तान था, इधर वैसे ही तारों के पीछे पाकिस्तान ; दरमियान में ज़मीन के उस टुकड़े पर जिसका कोई नाम नहीं था, टोबा टेक सिंह पड़ा था.”
―
―
Book Club IITK
— 75 members
— last activity Oct 09, 2020 02:16AM
“I have always imagined paradise will be a kind of library.” – Jorge Luis Borges Borges imagined just right and you, don’t have to just imagine. We, ...more
Jiya’s 2025 Year in Books
Take a look at Jiya’s Year in Books, including some fun facts about their reading.
More friends…
Favorite Genres
Polls voted on by Jiya
Lists liked by Jiya



























